ऋतु खण्डूडी भूषण ने किया रुद्राभिषेक, प्रदेश वासियों की सुख समृद्धि की कामना की।

0
Spread the love

हरिद्वार 25 अगस्त 2023।
हरिद्वार , चण्डी घाट स्थित अनादि श्री सिद्ध पीठ श्रीदक्षिणकाली मन्दिर में निंरजनी अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज द्वारा भगवान शिव के निमित्त पूरे सावन माह चलने वाले विशेष अनुष्ठान के दौरान उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण सिद्ध पीठ श्रीदक्षिणकाली मन्दिर पहुंची जहां उन्होंने विभिन्न प्रकार के पुष्पों से शिवलिंग का श्रंग्रार कर व पंचामृत से अभिषेक कर विश्व कल्याण की कामना करते हुए कहा कि सावन में भगवान शिव की उपासना एवं अभिषेक का विशेष महत्व है। स्वयं को शिव को समर्पित कर उनकी आराधना वाले भक्त के सभी कष्ट हर लेते हैं। शिव कृपा से परिवार में सुख समृद्धि का वास होता है और जीवन भवसागर से पार हो जाता है।स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज ने रुद्राष्टाध्यायी के महामंत्रों द्वारा रुद्राभिषेक का अनुष्ठान पूर्ण कराया। रुद्राभिषेक के बाद उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन व आरती की। विधि विधान से पूर्ण हुए अनुष्ठान के उपरांत विधानसभा अध्यक्ष ने प्रदेशवासियों के आरोग्यमय सुखमय समृद्धमय व शांतिमय जीवन की मंगलकामना की।

यह भी पढ़ें -  उत्तर पूर्वी दिल्ली लोकसभा में 58 प्रतिशत हुआ मतदान, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने दिल्ली के सभी मतदाताओं का जताया आभार।मंत्री बोले - 04 जून को देश में एक नया इतिहास बनने जा रहा है।

स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज ने कहा कि शिव ही सत्य और सनातन हैं। शिव कृपा अनन्त है। उन्होंने कहा कि भगवान शिव को प्रकृति से विशेष लगाव है। इसीलिए सांसरिक कोलाहाल से दूर कैलाश पर्वत को उन्होंने अपना निवास बनाया है। उन्होंने कहा कि सच्चे हृदय से शिव शक्ति का स्मरण व आराधना करने वाले भक्त को उनकी कृपा अवश्य प्राप्त होती है।
आपको बता दे आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज प्रतिदिन 16 घंटे निरंतर एक ही आसन में बैठकर महादेव शिव की कठिन उपासना करते हैं।

यह भी पढ़ें -  डीएम की व्हाट्सएप आईडी हैक, श्रीलंका का निकला हैकर,हैकरो के हौसले बुलंद

इस अवसर पर स्वामी अवंतिकानंद ब्रह्मचारी, बालमुकुन्दानन्द ब्रह्मचारी, स्वामी लाल बाबा,आचार्य पवन दत्त मिश्रा, आचार्य प्रमोद पांडे,स्वामी कृष्णानंद ब्रह्मचारी, अनुराग वाजपाई, चेतन शर्मा आदि सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You cannot copy content of this page