चारधाम यात्रा ने रचा नया कीर्तिमान, श्रद्धालुओं की संख्या 56.18 लाख के पार
वर्ष 2023 का रिकॉर्ड टूटा, चारधाम यात्रा में अब तक सर्वाधिक श्रद्धालुओं का आगमन
देहरादून। उत्तराखण्ड की प्रसिद्ध चारधाम यात्रा ने नया ऐतिहासिक रिकॉर्ड कायम किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में संचालित चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या 56,18,497 के आंकड़े को पार कर गई है। इसके साथ ही वर्ष 2023 में दर्ज सर्वाधिक श्रद्धालुओं के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया गया है।
बाबा केदारनाथ, भगवान बदरीविशाल, मां गंगोत्री और मां यमुनोत्री के दर्शन के लिए इस वर्ष देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु उत्तराखण्ड पहुंचे हैं। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या प्रदेश में धार्मिक एवं आध्यात्मिक पर्यटन के प्रति बढ़ते विश्वास को दर्शाती है।

बेहतर व्यवस्थाओं से बढ़ा श्रद्धालुओं का विश्वास
चारधाम यात्रा को सुरक्षित, सुगम और सुव्यवस्थित बनाने के लिए राज्य सरकार की ओर से यात्रा मार्गों पर व्यापक व्यवस्थाएं की गई हैं। स्वास्थ्य सेवाओं, यातायात प्रबंधन, पेयजल, स्वच्छता, पार्किंग, आवास और आपदा प्रबंधन के साथ श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़ी व्यवस्थाओं को लगातार मजबूत किया गया है।
यात्रा के दौरान प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, एसडीआरएफ और अन्य संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर भी विशेष जोर दिया गया है।
प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में धार्मिक पर्यटन को मिली मजबूती
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में केदारनाथ और बदरीनाथ धाम सहित उत्तराखण्ड के प्रमुख धार्मिक स्थलों पर अवस्थापना सुविधाओं के विकास से प्रदेश की आध्यात्मिक एवं धार्मिक पर्यटन पहचान को नई मजबूती मिली है।
बेहतर कनेक्टिविटी, यात्रा मार्गों के विकास और यात्री सुविधाओं के विस्तार का सकारात्मक प्रभाव चारधाम यात्रा में लगातार बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या के रूप में दिखाई दे रहा है।
सीएम धामी ने जताई प्रसन्नता
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चारधाम यात्रा में नया रिकॉर्ड बनने पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखण्ड में आने वाला प्रत्येक श्रद्धालु राज्य का अतिथि है। सरकार का प्रयास है कि प्रत्येक श्रद्धालु की यात्रा सुरक्षित, सुगम और सुखद हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की रिकॉर्ड संख्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखण्ड में विकसित हो रही बेहतर सुविधाओं और श्रद्धालुओं के बढ़ते विश्वास का प्रमाण है।
उन्होंने चारधाम यात्रा के सफल संचालन में योगदान देने वाले प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, एसडीआरएफ, स्थानीय निकायों, तीर्थ पुरोहितों, स्थानीय लोगों और यात्रा व्यवस्था से जुड़े सभी कार्मिकों के प्रयासों की भी सराहना की।
चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की रिकॉर्ड संख्या से उत्तराखण्ड की धार्मिक एवं आध्यात्मिक पर्यटन पहचान को और मजबूती मिली है।