महाराज ने आईएफएस प्रोबेशनर्स प्रशिक्षुओं से कहा जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का दृढ़ता से करें सामना।

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दो सप्ताह से चल रहे मृदा एवं जलसंक्षण और जलागम प्रबंधन प्रशिक्षण का समापन

शैलेन्द्र कुमार पाण्डेय।8210438343,9771609900
देहरादून 29 जुलाई 2022।
प्रदेश के जलागम, मंत्री सतपाल महाराज ने नव हास्टल, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वन अकादमी में पिछले दो सप्ताह से मृदा एवं जल संरक्षण और जलागम प्रबंधन पर चल रहे प्रशिक्षण के समापन अवसर पर बोलते हुए कहा की हमें वानिकीकरण के साथ-साथ मृदा एवं जल संरक्षण पर भी जोर देने की आवश्यकता है।

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ऐसा करने से हम जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों का सामना दृढ़ता से कर पाएंगे और हमारे देश द्वारा तय किए गए कार्बन सीक्वेस्ट्रेशन एवं भूमि क्षरण तटस्थता (Land Degradation Neutrality) के लक्ष्यों को भी प्राप्त कर सकते हैं।

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मृदा एवं जल संरक्षण और जलागम प्रबंधन पर चल रहे प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि जलागम मंत्री सतपाल महाराज ने आईएफएस प्रोबेशनर्स प्रशिक्षुओं को संबोधित करते हुए कहा कि भारतीय वन सेवा अखिल भारतीय सेवा अधिनियम 1951 के तहत गठित तीन अखिल भारतीय सेवाओं में से एक है। जबकि 2 सेवाएं भारतीय प्रशासनिक सेवा और भारतीय पुलिस सेवा है।

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मेरे लिए यह गर्व की बात है कि मुझे आईएफएस-2021 बैच के सभी चयनित अधिकारियों को संबोधित करने का अवसर मिला है।

उन्होंने कहा कि मैं दोनों संस्थानों के अधिकारियों को इस बात के लिए बधाई देता हूं कि आपने दोनों संस्थानों के मध्य एक सार्थक सहयोग के लिए एक सराहनीय कदम उठाया है।


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